ssnews कोरोना काल मे दम तोड़ चुके मृतकों को मुखाग्नि दे रहे हैं, सामाजिक कार्यकर्ताओं की टीम की जारी है ,मानव सेवा 65 से ज्यादा लोगो का कर चुके है अंतिम संस्कार
मानव सेवा ही प्रभु सेवा है
कोरोना काल मे दम तोड़ चुके मृतकों को मुखाग्नि दे रहे हैं सामाजिक कार्यकर्ताओं की टीम की जारी है
मानव सेवा,डेढ साल में कोरोना से मरने वाले 65 से ज्यादा लोगो का कर चुके है अंतिम संस्कार..
स्वराज संदेश बिलासपुर ।जब से कोरोना महामारी के कारण लोगो का घर से निकलना मुश्किल हो गया हो.. सक्रमण का डर इतना कि.. कोरोना से मौत के बाद घर परिवार के लोग भी दाह संस्कार व मुखाग्नि देने में जिझक रहे थे.. ऐसे में शहर के सामाजिक कार्यकर्ता अभिजीत मित्रा ने 65 से ज्यादा कोरोना पीड़ित मृतकों को स्वयं मुखाग्नि दी कर समाज मे एक मिसाल कायम की है.. अभिजीत मित्रा ने बताया कि.. इस महामारी के दौरान जब मृतकों की संख्या बढ़ने लगी.. और लोगो मे इस सक्रमण को लेकर डर अपने चरम में पहुच गया.. ऐसी स्थिति में मृतक परिवार के लोगो मे भी डर का वातावरण निर्मित हो गया था.. जिसके बाद कई परिवार के लोगो ने दाह संस्कार करने से इनकार कर दिया.. तब हमारी टीम द्वरा विधि विधान से परिवारिक सदस्यों की अनुमति से तोरवा स्थित मुक्तिधाम जो की कोविड 19 से मृत लोगो के लिए आरक्षित है.. वहां मृतकों को अग्नि देने का कार्य शुरू किया.. साथ ही शहर के महापौर से मुक्तिधाम में व्याप्त अव्यस्थाओ से भी अवगत कराया.. जिसके बाद तत्काल महापौर रामशरण यादव ने मुक्तिधाम में लकड़ी सहित दाह संस्कार में लगने वाली सभी वस्तुओं को निशुल्क दिये जाने की व्यवस्था शुरू की ,जिससे मृतक परिवार को दिक्कतों का सामना न करना पड़े.. फोन आते ही अभिजीत व उनकी टीम फ़ौरन काम में लग जाती है.. अभिजीत मित्रा ने बताया कि.. निगम या स्वास्थ्य विभाग से काल आने के बाद वे अपनी टीम के साथ फ़ौरन मुक्तिधाम पहुचकर तैयारी प्रारभ कर देते है इस दौरान कोरोना गाइड लाइन का भी पालन किया जाता है।
Previous article
Next article

Leave Comments
Post a Comment